राजस्थान में मानसून का प्रचंड कहर, ब्यावर में 9 इंच बारिश; दो दिन भारी से अतिभारी बरसात का अलर्ट
जयपुर। मूसलाधार बारिश के दौर के बीच राजस्थान में मानसूनी घटाओं ने इस सीजन का सबसे विकराल रूप दिखाया है। ब्यावर जिले के बदनोर इलाके में महज 24 घंटों के भीतर रिकॉर्ड 225 मिलीमीटर (लगभग 9 इंच) बारिश दर्ज की गई, जो इस मानसूनी सीजन में अब तक की सर्वाधिक वर्षा है। लगातार हो रही तेज बारिश के कारण ग्रामीण इलाकों में खेत समंदर में तब्दील हो गए हैं, स्थानीय नदियां-नाले उफान पर आ गए हैं और निचले इलाकों में व्यापक जलभराव से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। इसके साथ ही अजमेर और भीलवाड़ा समेत कई जिलों में 3 से 5 इंच तक पानी बरसा, जबकि जोधपुर, जैसलमेर, बीकानेर, अलवर और पाली में भी बदरा जमकर बरसे।
अगले दो दिनों तक प्रदेश में भारी बारिश की चेतावनी जारी
मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के अनुसार, वर्तमान में मानसून ट्रफ लाइन सामान्य स्थिति में मौजूद है और उत्तर-पूर्वी राजस्थान के ऊपर एक शक्तिशाली चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) सक्रिय बना हुआ है। इस मानसूनी तंत्र के प्रभाव से आगामी 48 घंटों तक पूरे प्रदेश में रुक-रुक कर मध्यम से तेज बारिश का दौर जारी रहेगा। दक्षिणी और पूर्वी राजस्थान के अनेक हिस्सों में तूफानी हवाओं के साथ भारी से अति भारी बारिश होने का अंदेशा जताया गया है, जिसके चलते प्रशासन को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
11 जिलों में ऑरेंज अलर्ट और ब्यावर में बाढ़ जैसी स्थिति
मौसम विभाग ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए गुरुवार के दिन 11 जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट घोषित किया है। ब्यावर के बदनोर क्षेत्र में सर्वाधिक बारिश के कारण जलभराव अत्यधिक बढ़ गया है, जिससे ग्रामीण अंचलों का संपर्क अन्य कस्बों से कट गया है। हालांकि, मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि 25 जुलाई के बाद पश्चिमी राजस्थान के क्षेत्रों में मानसूनी गतिविधियों की तीव्रता में कुछ कमी देखने को मिल सकती है, जिससे वहां के लोगों को थोड़ी राहत मिल पाएगी।
प्रमुख शहरों में झमाझम बरसे बदरा और सुहावना हुआ मौसम
प्रांतीय राजधानी जयपुर में लगातार दूसरे दिन भी बादलों की आवाजाही के साथ फुहारों और मध्यम बारिश का सिलसिला जारी रहा, जहां सांभर क्षेत्र में 52 मिमी बारिश दर्ज की गई। वहीं अजमेर में 79 मिमी और झीलों की नगरी उदयपुर में करीब एक घंटे तक हुई मूसलाधार बारिश ने पूरे शहर को सराबोर कर दिया। अलवर, कोटा और सीकर जिलों में भी झमाझम बारिश होने से लोगों को काफी समय से सता रही भीषण उमस और चिलचिलाती गर्मी से बड़ी राहत मिली है।
पारा गिरने से लोगों को मिली राहत और बना रहेगा सुहावना दौर
लगातार हो रही मानसूनी बारिश के कारण राज्य के लगभग सभी बड़े शहरों के दिन के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। अजमेर में पारा गिरकर 27 डिग्री, कोटा में 29.8 डिग्री, अलवर में 30 डिग्री और उदयपुर में 30.4 डिग्री सेल्सियस तक आ पहुंचा है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी दो दिनों तक प्रदेश का मिजाज ऐसा ही खुशनुमा बना रहेगा और मानसूनी गतिविधियां पूरी तरह से प्रभावी रहेंगी।

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